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Career Guidance Cells: सही करियर चुनने में हर छात्र के साथ एक मार्गदर्शक

छवि में छात्रों का एक समूह, डेस्क पर बैठकर काउंसलर से बातचीत करते हुए, जिसमें प्रेरक पोस्टर और खिड़की से प्रकाश दिखाई दे रहा है।
Career Guidance

Career Guidance Cells — जब आपके पास कोई हो यह बताने के लिए कि “क्या सही है आपके लिए”

“हर मंज़िल तक पहुँचने के लिए सिर्फ रास्ता नहीं, एक सही दिशा देने वाला भी चाहिए होता है।”


बहुत बार छात्र सोचते हैं:
"12वीं के बाद क्या करूं?"
"कौन-सा कोर्स करूं?"
"मुझे क्या आता है और मैं किसमें अच्छा हूं?"

और फिर कोई जवाब नहीं मिलता।
नतीजा — बच्चे या तो गलत दिशा में चले जाते हैं, या बीच में पढ़ाई छोड़ देते हैं।

इन्हीं उलझनों को सुलझाने के लिए दिल्ली सरकार ने स्कूलों और कॉलेजों में बनाए 
Career Guidance Cells (करियर गाइडेंस सैल)
जहाँ छात्रों को समझा जाता है, सुना जाता है, और फिर रास्ता दिखाया जाता है।


 ये Cells क्या करते हैं?

Career Guidance Cells एक तरह के सलाह केंद्र हैं,
जहाँ बच्चों को ये समझने में मदद मिलती है कि:

  • उनकी रुचि (interest) और क्षमता (ability) क्या है

  • कौन-सा क्षेत्र उनके लिए बेहतर रहेगा

  • कौन-से कोर्स और करियर ऑप्शन खुले हैं

  • आगे की पढ़ाई, स्कॉलरशिप, कोचिंग, स्किल ट्रेनिंग आदि की जानकारी


 क्या-क्या सुविधाएं मिलती हैं?

 1. करियर काउंसलिंग सेशन

  • एक-से-एक मीटिंग या ग्रुप डिस्कशन

  • विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन

  • 9वीं से लेकर कॉलेज के छात्रों के लिए

 2. Aptitude & Interest टेस्ट

  • जिससे यह पता चलता है कि छात्र किस फील्ड में बेहतर कर सकता है

  • जैसे: साइंस, कॉमर्स, आर्ट्स, टेक्निकल, क्रिएटिव, पब्लिक सर्विस आदि

 3. कोर्स और कॉलेज की जानकारी

  • भारत में कौन-कौन से कोर्स हैं

  • दाखिले की प्रक्रिया, योग्यता, फीस, स्कॉलरशिप

  • प्राइवेट vs सरकारी कॉलेज का फर्क

 4. रोज़गार और स्किल ट्रेनिंग की सलाह

  • सरकारी योजना जैसे DSEU, Rozgar Bazaar, कौशल योजना की जानकारी

  • कम पढ़े-लिखे छात्रों के लिए स्वरोज़गार के विकल्प

 5. Parent Counselling सेशन

  • ताकि माता-पिता भी बच्चों को सही दिशा में सपोर्ट कर सकें


 कहाँ मौजूद हैं ये Cells?

  • सभी सरकारी स्कूलों (Class 9–12) में

  • कॉलेजों और ITIs में

  • DSEU (Delhi Skill and Entrepreneurship University) के कैंपस में

  • दिल्ली सरकार के District Employment Offices के ज़रिए


 कैसे जुड़ें?

  1. अपने स्कूल / कॉलेज के शिक्षक या काउंसलर से पूछें

  2. DSEU या Rozgar Bazaar पोर्टल पर अपॉइंटमेंट बुक करें

  3. निकटतम रोजगार केंद्र में संपर्क करें


 उदाहरण:

“मुझे पहले लगा मैं सिर्फ आर्ट्स लेकर टीचर बन सकता हूँ, लेकिन करियर काउंसलिंग से पता चला कि मैं डिजाइनिंग में भी जा सकता हूँ। अब मैं ग्राफिक डिजाइन का कोर्स कर रहा हूँ।”
शालिनी, 12वीं पास, सराय काले खाँ

“काउंसलर ने बताया कि मुझे डेटा और नंबर में रुचि है। आज मैं BBA में हूँ और बैंकिंग की तैयारी कर रहा हूँ।”
तुषार, रोहिणी


 क्यों ज़रूरी है यह?

“क्योंकि करियर का रास्ता परीक्षा के नंबरों से तय नहीं होता —
वो तय होता है आपकी समझ, रुचि और सही सलाह से।”

दिल्ली सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि
हर बच्चा अपने लिए सबसे सही फैसला ले — खुद पर भरोसे के साथ।

प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) दिल्ली: रोजगार और स्वरोजगार के अवसर

दिल्ली में रोजगार और स्वावलंबन के नए रास्ते — युवाओं के लिए सरकारी योजनाएं

दिल्ली की प्रमुख सरकारी योजनाओं की संपूर्ण सूची (2025)


  FAQ (Frequently Asked Questions)

Q1. Career Guidance Cell क्या है?
👉 यह एक केंद्र है जहां छात्रों और युवाओं को करियर विकल्प, स्किल ट्रेनिंग और रोजगार मार्गदर्शन दिया जाता है।

Q2. दिल्ली में Career Guidance Cells कहाँ उपलब्ध हैं?
👉 दिल्ली के सरकारी स्कूलों, कॉलेजों और रोजगार कार्यालयों में करियर गाइडेंस सेल मौजूद हैं।

Q3. क्या Career Guidance Cell मुफ्त सेवाएं देता है?
👉 हाँ, दिल्ली सरकार द्वारा संचालित अधिकांश करियर गाइडेंस सेल मुफ्त परामर्श और प्रशिक्षण प्रदान करते हैं।

Q4. करियर गाइडेंस से किन-किन को मदद मिल सकती है?
👉 छात्रों, बेरोजगार युवाओं, स्किल डेवलपमेंट चाहने वालों और स्वरोजगार करने वालों को।

Q5. दिल्ली में Career Guidance Cell से जुड़ने के लिए कैसे आवेदन करें?
👉 इच्छुक युवा संबंधित स्कूल, कॉलेज या दिल्ली सरकार के रोजगार पोर्टल के माध्यम से रजिस्टर कर सकते हैं।

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