Skip to main content

Samarthya योजना: महिलाओं का सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण

 Samarthya (समर्थ्य) मिशन शक्ति (Mission Shakti) का दूसरा महत्वपूर्ण घटक है, जिसका उद्देश्य है महिलाओं को सामाजिक, आर्थिक, पोषण व जीवन कौशल के माध्यम से सशक्त बनाना। यह भाग उन योजनाओं और कार्यक्रमों को एकीकृत करता है जो महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सीधा सहयोग, प्रशिक्षण, पोषण और जीवन की गुणवत्ता सुधारने पर केंद्रित हैं।


Samarthya का उद्देश्य

  • महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना

  • शिक्षा, पोषण, कौशल विकास और समाज में सम्मानजनक स्थिति प्रदान करना

  • कामकाजी महिलाओं को सुरक्षित वातावरण और सहायता देना

  • वंचित वर्ग की महिलाओं का पुनर्वास और उत्थान


Samarthya के अंतर्गत प्रमुख योजनाएँ

योजना / कार्यक्रम विवरण
Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana (PMMVY) पहली बार माँ बनने वाली महिलाओं को ₹5,000 की नकद सहायता तीन किस्तों में दी जाती है (स्वास्थ्य जाँच, टीकाकरण आदि के आधार पर)।
Nutrition Programme for Adolescent Girls किशोरियों को कुपोषण से बचाने हेतु पूरक पोषण, स्वास्थ्य शिक्षा व Iron-Folic Acid की आपूर्ति।
Creche Scheme for Working Women 6 महीने से 6 साल तक के बच्चों के लिए डे-केयर सुविधा जिससे महिलाएँ कार्यस्थल पर सहज काम कर सकें।
Working Women Hostel Scheme शहरी क्षेत्रों में कामकाजी महिलाओं को सुरक्षित, सस्ता और स्वच्छ आवास मुहैया कराना।
Skill Training & Employment महिलाओं को सिलाई, बुनाई, कंप्यूटर, फूड प्रोसेसिंग आदि में प्रशिक्षित कर स्वरोज़गार या नौकरी के अवसर देना।
Ujjawala Scheme मानव तस्करी की शिकार महिलाओं का बचाव, पुनर्वास और पुनर्संस्थापन
Swadhar Greh संकट में फंसी, विधवा, परित्यक्त, हिंसा की शिकार महिलाओं को आश्रय, शिक्षा और पुनर्वास सेवा प्रदान करना।

कार्यान्वयन कैसे होता है?

  • केंद्र सरकार के Women & Child Development Ministry (MWCD) द्वारा नीति निर्माण

  • राज्य सरकारों, NGO साझेदारों, स्वास्थ्य विभाग, ICDS, और महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा ज़मीनी क्रियान्वयन

  • पंचायत, BDO ऑफिस, आंगनवाड़ी केंद्र व जिला महिला अधिकारी की भूमिका अहम


सशक्तिकरण के क्षेत्र

क्षेत्र विवरण
आर्थिक महिलाओं को रोजगार, उद्यमिता, लोन व प्रशिक्षण
सामाजिक विवाह सहायता, संकट की स्थिति में आश्रय, सम्मान
पोषण किशोरियाँ, गर्भवती व स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए पूरक आहार
कौशल विकास हुनर आधारित प्रशिक्षण, डिजिटल साक्षरता

लाभार्थी कौन हो सकते हैं?

  • 15–59 वर्ष की महिलाएँ (विभिन्न योजनाओं अनुसार)

  • विधवा, परित्यक्ता, हिंसा पीड़िता महिलाएँ

  • कामकाजी महिलाएँ, SHG सदस्य, किशोरियाँ

  • BPL परिवार की महिलाएँ, ग्रामीण व शहरी वर्ग


कैसे आवेदन करें?

  • आंगनवाड़ी केंद्र, BSK (Bangla Sahayata Kendra), Block Office, District Social Welfare Office

  • कुछ योजनाएँ https://wcd.nic.in/mission-shakti व राज्य पोर्टल (wcdsw.wb.gov.in) पर भी ऑनलाइन उपलब्ध

  • NGO केंद्रों से भी सहायता मिलती है


संपर्क और पोर्टल

  • राष्ट्रीय पोर्टल: https://wcd.nic.in

  • पश्चिम बंगाल पोर्टल: https://wcdsw.wb.gov.in

  • 📞 हेल्पलाइन: 181 (महिला हेल्पलाइन)


Samarthya का सारांश

पहल उद्देश्य
 मिशन: महिला सशक्तिकरण (सामाजिक + आर्थिक)
लाभ: नकद सहायता, स्किल ट्रेनिंग, आश्रय, पोषण
लक्ष्य: समूह ग्रामीण-शहरी महिलाएँ, संकट में फंसी महिलाएँ, किशोरियाँ
क्रियान्वयन: राज्य महिला एवं बाल विभाग + NGO + स्वास्थ्य विभाग
संपर्क: 181 हेल्पलाइन, BSK, आंगनवाड़ी, Block Office

अगर 

Comments

Popular posts from this blog

UP में दिव्यांगों के लिए UPSRTC निःशुल्क बस यात्रा सुविधा

Free Travel Facility for Persons with Disabilities उत्तर प्रदेश में दिव्यांगों के लिए UPSRTC (राज्य परिवहन निगम) द्वारा निःशुल्क बस यात्रा सुविधा उपलब्ध है। इसे Free Travel Facility for Persons with Disabilities Rules‑2019 के अंतर्गत लागू किया गया है। नीचे विस्तार से जानकारी दी गई है 👇  कौन लाभ उठा सकता है? कोई भी दिव्यांग (≥40% विकलांगता) 80% या अधिक दिव्यांगता वाले व्यक्ति साथ में एक सहयात्री का भी लाभ उठा सकते हैं   कहाँ से-सब तक यात्रा? UPSRTC की सभी ‘ordinary’ (साधारण) बसों में मुफ्त यात्रा राजधानी, सिटी / ई‑बसों में भी यह सुविधा लागू  सुविधा राज्य-सीमा के अंदर और बाहर दोनों क्षेत्रों में मान्य है ✔️ आवश्यक दस्तावेज मूल disability certificate (Chief Medical Officer/Comp. Medical Officer द्वारा जारी) Aadhaar कार्ड या UDID कार्ड (उपस्थिति अनिवार्य) ( uphwd.gov.in )  नियम और उपयोग कैसे करें? बस स्टाफ को यात्रा आरंभ से पहले दस्तावेज़ दिखाएं रिजिस्ट्रेशन या अग्रिम टिकटिंग अनिवार्य नहीं है; बस में सवार होते समय यह ...

UP Take Home Ration (THR) योजना: बच्चों व माताओं हेतु पोषण

  Take Home Ration (THR)   एक सरकारी योजना है जिसका उद्देश्य  गर्भवती महिलाएं, धात्री माताएं, किशोरी बालिकाएं और 6 माह से 6 वर्ष तक के बच्चों को पौष्टिक भोजन  प्रदान करना है, ताकि कुपोषण को रोका जा सके। THR का उद्देश्य क्या है? भारत सरकार की "एकीकृत बाल विकास सेवा (ICDS)" योजना के अंतर्गत, THR (टेक होम राशन) का मकसद है: बच्चों में कुपोषण की रोकथाम गर्भवती और धात्री माताओं के लिए पोषण बढ़ाना किशोरी बालिकाओं को पोषण और आयरन देना बाल मृत्यु दर और कम वजन वाले बच्चों की संख्या को कम करना THR में क्या-क्या मिलता है? लाभार्थियों को पैक्ड या तैयार राशन सामग्री घर ले जाने के लिए दी जाती है , जैसे: रेडी-टू-ईट (RTE) मिश्रण गेहूं, चना, सोयाबीन, मूंगफली, घी/तेल, शक्कर आदि से बना एनर्जी फूड कभी-कभी अंडा, दूध पाउडर या आयरन सप्लीमेंट्स भी हर राज्य में THR का फॉर्मूला अलग हो सकता है। उदाहरण के लिए: लाभार्थी मात्रा और पोषण (प्रतिदिन) 6 माह – 3 वर्ष के बच्चे 500 कैलोरी, 12-15g प्रोटीन गर्भवती / धात्री महिला 600 कैलोरी, 18-20g प्रोटीन...

बिहार सरकार की योजनाएँ 2025: पूरी अपडेटेड सूची और लाभ

योजनाएँ 2025 बिहार सरकार की योजनाएँ 2025 – आम लोगों के जीवन में बदलाव लाने वाली सबसे ज़रूरी योजनाएँ 2025 में बिहार सरकार की योजनाएँ सिर्फ कागज़ पर नहीं, बल्कि ज़मीनी जरूरतों को देखते हुए बनाई जा रही हैं— ग्रामीण, महिलाएँ, किसान, छात्र, और युवाओं के जीवन में सीधा प्रभाव डालने वाली योजनाएँ।  1. योजना: बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड (BSCC) (युवा वर्ग के लिए सबसे प्रभावी योजना) मुख्य उद्देश्य किसी भी आर्थिक रूप से कमजोर छात्र की पढ़ाई पैसे की वजह से न रुके। 4 लाख रुपये तक की बिना-गारंटी शिक्षा ऋण सुविधा। कौन लाभ ले सकता है? बिहार का निवासी छात्र। 12वीं पास। उच्च शिक्षा (Graduation / Professional Courses) कर रहा हो। लाभ 4 लाख तक का लोन सिर्फ 1% ब्याज पढ़ाई पूरी होने के बाद ही EMI कई कोर्सेज 0% ब्याज पर भी उपलब्ध एक्शन स्टेप वेबसाइट पर जाएँ → 7nishchay-yuvaupmission.bihar.gov.in ऑनलाइन आवेदन, डॉक्यूमेंट अपलोड जिला स्तर पर वेरिफिकेशन → बैंक से स्वीकृति  2. योजना: मुख्यमंत्री महिला समृद्धि योजना 2025 उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को छोटा व्यवस...